Ganadevta

view cart
Availability : Stock
  • 0 customer review

Ganadevta

Number of Pages : 580
Published In : 2016
Available In : Paperback
ISBN : 978-81-263-4091-0
Author: Tarashankar Bandyopadhyaya

Overview

कालजयी बांग्ला उपन्यासकार ताराशंकर बंधोपाध्याय का उपन्यास 'गणदेवता' संसार के महान उपन्यास में गणनीय है! इसे भारतीय भाषाओं के शताधिक समीक्षक साहित्यकारों के सहयोग से समग्र भारतीय साहित्य में ' सर्वश्रेष्ठ के रूप में चुना गया और ज्ञानपीठ पुरस्कार (वर्ष 1966) से सम्मानित किया गया!! 'गणदेवता' नए युग से चरण-निक्षेपकाल का गद्यात्मक महाकाव्य हैं! हृदयग्राही कथा का विस्तार, विस्मरणीय कथा-शैली के माध्यम से, बंगाल की जिस ग्रामीण अंचल से सम्बद्ध है उसकी गंध में समूचे भारत की धरती की महक व्याप्त है!

Price     Rs 300

कालजयी बांग्ला उपन्यासकार ताराशंकर बंधोपाध्याय का उपन्यास 'गणदेवता' संसार के महान उपन्यास में गणनीय है! इसे भारतीय भाषाओं के शताधिक समीक्षक साहित्यकारों के सहयोग से समग्र भारतीय साहित्य में ' सर्वश्रेष्ठ के रूप में चुना गया और ज्ञानपीठ पुरस्कार (वर्ष 1966) से सम्मानित किया गया!! 'गणदेवता' नए युग से चरण-निक्षेपकाल का गद्यात्मक महाकाव्य हैं! हृदयग्राही कथा का विस्तार, विस्मरणीय कथा-शैली के माध्यम से, बंगाल की जिस ग्रामीण अंचल से सम्बद्ध है उसकी गंध में समूचे भारत की धरती की महक व्याप्त है!
Add a Review
Your Rating